बचपन एक ऐसा समय होता है जब स्वाभाविक जिज्ञासा और कल्पना का मिश्रण एक अद्भुत रचनात्मकता को जन्म देता है। जब एक बच्चा रंगों में खेलता है, तब न केवल वे अपने शरीर को रंगीन बनाते हैं, बल्कि वे अपने भीतर की भावना और विचारों का भी रंग भरते हैं। यह एक साफ-सुथरे रूम की गंध और स्थिरता से बहुत दूर, एक साहसी यात्रा है, जिसमें हर एक धब्बा कहानी कहता है।
रंगों से खेलना बच्चों के विकास में गहरा...