जब हम एक चकाचक और भव्य धातु के दरवाजे के पास खड़े होते हैं, तो उसमें एक विशेषता छिपी होती है। इस दरवाजे पर लगे भव्य कामकाज, जिसे एक पौराणिक जीव की आकृति से सजाया गया है, न केवल ऐतिहासिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह हमें जीवों की शारीरिक और सामाजिक व्यवहारीकों का भी पाठ पढ़ाता है। यह दरवाजा, जो सदियों से खड़ा है, कई कहानियाँ समेटे हुए है—जैसे एक जीव जिसे देखने से समझ में आता है...